Showing posts with label विपिन चौधरी. Show all posts
Showing posts with label विपिन चौधरी. Show all posts

Sunday, June 3, 2012

माया एंजेलो : स्त्रियों के लिए नसीहतें


माया एंजेलो की कुछ नसीहतें, विपिन चौधरी के सौजन्य से...    

स्त्री समाज के लिए माया एन्जेलो की मजेदार नसीहतें 
(अनुवाद : विपिन चौधरी) 

लेखिका माया एंजेलो का सम्पूर्ण जीवन एक दस्तावेज है. जिसे माया ने सार्वजनिक किया है और इस तरह से वे पहले-पहल अश्वेत महिलाओं के लिए एक आदर्श की तरह उभरी और फिर संसार भर की महिलाओं में लोकप्रिय हुई, एक सजग महिला होने के नाते वे अपने आस- पास की महिलाओं की समस्याओं से अच्छी तरह से परिचित थी. महिलाओं के लिए लिखे गए उनके कूट वाक्य काफी सराहे जाते रहे हैं. स्त्रियों को समर्पित माया की इन मज़ेदार सलाहों की बानगी देखें.

१. एक औरत के पास अपने नियंत्रण में पर्याप्त पैसा होना चाहिये ताकि बाहर जाते वक्त या खुद के लिए एक जगह किराए पर लेकर वह रह सके, भले ही वह कभी यह सब करना नहीं चाहती हो या उसे कभी उसे इन सबकी जरूरत भी ना हो.

२. स्त्री के पास युवावास्था की वह रसदार सामग्री होनी चाहिये जिसे वह अपने पीछे छोड़ आई हो और जिसे वह अपने आने वाले बुढ़ापे में खूब आनंद के साथ सुना सके.

३. हर स्त्री के पास पेचकस का सैट , एक तार रहित ड्रिल, और एक काले फीते वाली ब्रा होनी चाहिए.

४. औरत के पास एक ऐसा दोस्त होना चाहिये जो हमेशा उसे हँसाता रहे और जो उसे रोने में मदद करता हो.

५. एक स्त्री के पास ऐसा बढ़िया फर्नीचर का पीस होना चाहिए जो उसके परिवार में किसी ने पहले नहीं ख़रीदा हो.

६. सभी औरतों के पास अपने भाग्य पर नियंत्रण की भावना होनी चाहिए.

७. एक औरत के पास आठ प्लेट का सेट,वाइन के लंबे पकड़ने वाले ग्लास, और भोजन के लिए शानदार नुस्खा होना चाहिए ताकि वह अपने मेहमानों के सामने अच्छे से पेश हो सके.

८. एक औरत को पता होना चाहिए कि कैसे एक नौकरी को छोड़ देना है, प्रेमी के साथ को कैसे तोड़ना है और दोस्ती को बिना बर्बाद किये हुए दोस्त का सामना किस प्रकार करना है.

९. हर औरत को पता होना चाहिए कि कब उसे कठिन प्रयास करते रहना है और कब उनसे दूर चला जाना है.

१०. स्त्री को जानकारी होनी चाहिए ...कि वह बछड़ों की लंबाई, अपने कूल्हों की चौड़ाई, या अपने माता पिता की प्रकृति को नहीं बदल सकती है.

११. हर औरत को समझना चाहिए ...कि उसका बचपन कुछ खास नहीं था पर अब क्या हो सकता हैं --बचपन तो अब खत्म हो चुका है.

१२. सभी स्त्रियों को पता होना चाहिए ... कि उसे अपने प्यार के लिये क्या करना चाहिए और इसके लिये वह क्या कर सकती है.

१३. एक औरत को पता होना चाहिए ...कि अकेले कैसे रहा जाए -- भले ही उसे अकेले रहना पसंद न हो.

१४. स्त्री को मालूम होना चाहिए ...कि वह किस पर भरोसा करे और किस पर नहीं और करे भी तो क्यों ? और इसे मसले को व्यक्तिगत रूप से नहीं लेना चाहिए.

१५. स्त्री को पता होना चाहिए ...कि उसे कहाँ जाना चाहिए-- अपने पक्के दोस्त की रसोई- घर की मेज़ पर नहीं तो लकड़ी की आकर्षक सराय में चले जाना चाहिए जहाँ उसकी आत्मा को सूकुन महसूस हो सके.

१६. स्त्री को अपने जीवन के क्यों और क्यों नहीं के फंडे मालूम होने चाहिए और उन फंडों को दिन, महीने या एक साल में सिद्ध करके दिखाना चाहिए. 
                                                                  :: :: :: 
विपिन चौधरी के दो कविता-संग्रह प्रकाशित हो चुके हैं. उनसे vipin.choudhary7@gmail.com पर संपर्क किया जा सकता है. 

Saturday, June 2, 2012

शेफ के अवतार में माया एन्जेलो


बहुत कम लोगों को पता होगा कि अमेरिकी लेखिका माया एंजेलो एक पाक-कला विशेषज्ञ भी हैं. वे लिखती हैं, "अगर कोई ख़ास मौक़ा हो और उस समय आप जो भोजन कर रहे हों वह भी उत्कृष्ट हो, तो भोजन आपको वह मौक़ा याद रखने में मददगार हो सकता है और वह मौक़ा उस भोजन को याद रखने में."  माया के इस पहलू से हमें परिचित करा रही हैं कवियत्री विपिन चौधरी...  











लेखिका माया एन्जेलो, शेफ के अवतार में  
(अनुवाद : विपिन चौधरी) 

हमारे भारतीय समाज में ही नहीं वरन पूरे संसार में परंपरागत चीज़ों से हट कर कुछ करने का जोखिम उठाने वाले विरले ही लोग होते हैं. दूसरी तरफ धरती पर हमेशा से ऐसे खब्ती लोग भी रहे हैं जो लीक से हट कर कुछ कर गुज़रने का जज्बा अपने भीतर सजोयें रखते हैं और समय आने पर करके भी दिखाते हैं.
विश्व साहित्य की सबसे प्रभावशाली आवाज़ो में से एक,  अमेरिकी लेखिका माया एंजेलो ने जब पाक- कला पर किताबें लिखने की ठानी तो उनके शुभचिंतकों ने उन्हें रोका, पर दृढ़ स्वभाव की माया कहाँ रुकने वाली थी. उन्होंने अपने लेखन को व्यापक विस्तार देते पाक-कला पर दो पुस्तकें लिखीं. 
यह तो माया एन्जेलो के ही अलहदा जज्बे की उपज है जिसकी वजह से उन्हें रसोईघर  में  काम करना और नए नए भोजन बना कर अपने दोस्तों को परोसना एक सच्चा  सुख  देता है. ८३  वर्षीय  माया को आत्मकथा के साथ कविता लेखन,  इतिहासशिक्षा  और नागरिक अधिकारों के प्रति जुनून के लिए जाना जाता है. एक रचनाकार होते हए मुझे  माया एन्जेलो के लेखन के इस अनोखे और व्यापक  पक्ष में शामिल हो कर इन ( tried and tested ) व्यंजन विधियों का अनुवाद करके खुशी हो रही है. 

केक बनाने की इस विधि  को माया एंजेलो की पाक-कला पर पहली लिखी पुस्तक Hallelujah! The Welcome Table से लिया गया है. चाहे तो  लेखिकाएं और लेखक भी खुशी-खुशी इन्हें आजमा सकते हैं...  

सामग्री
1/2 कप मक्खन
1 1/4 कप चीनी 
1/4 कप चाश्नी
कप बेकिंग पाउडर
कप छना आटा
कप दूध
बड़े अंडे
कैरेमल फ्रोस्टिंग                

विधि
1. सबसे पहले ओवेन को 375 डिग्री पर गर्म कर लें और 8 इंच गोल केक के बर्तन को चिकना कर रख लें.
2. अब मक्खन को फेंट लें और धीर-धीरे उसमें 1 कप  चीनी डालें और फेंटते रहें जब तक कि वह् हलका और झागदार ना हो जायेअब इसमें चाश्नी डालें और फिर से फेंटें.
4. एक दूसरे बर्तन में आटा और बेकिंग पाउडरऔर चुटकी भर नमक छानेइस आटे के मिश्रण को दूध डालते हुए मक्खन के मिश्रण में मिला दें.
5. किसी तीसरे बर्तन में अंडों को फेंटें और उसमें बची हुई ¼  कप चीनी मिला लें और तब तक फेंटते रहें जब तक कि वह् गाढ़ा हो जायेफिर उसमें फेंटा आटा मिला दें और फिर फेंटें ताकि पूरा मिश्रण एकरस हो जाय.
6. चिकनाई लगे बेकिंग मोल्ड्स में मिश्रण को बराबर-बराबर भरें और तब तक बेक करें कि वह् बीच से दबाने पर 25 मिनट में वापिस  उठ जाययदि केक वापिस ऊपर नहीं उठता हैतब फिर से ओवन में रख कर 10 मिनट तक पकाएँ. 
7. केक को उन्हीं बर्तनों में 10 मिनट तक ठंडा होने देंफिर रेक पर रख ठंडा कर कमरे के तापमान तक आने दें.
कैरेमल फ्रोस्टिंग की तहें लगा कर ठंडा या कमरे के तापमान  पर ही परोसें. 

२. माया द्वारा बनाई गयी दूसरी व्यंजन विधि.
(केले का  व्यंजन) 
सामग्री 
3/4 कप +1 बड़ा चम्मच चीनी
1/3 कप कॉर्न स्टार्च
चुटकी भर नमक
कप दूध
अंडे पीला,सफेद भाग अलग किए हुए
बड़े चम्मच मक्खन
चम्मच वैनीला एसेंस
कप वैनीला वेफर 
पके बड़े केले
1/2 चम्मच टार्टर क्रीम 

विधि:
1. ओवन को 350 डिग्री फरेन्हाइट पर गर्म करेंबड़े बर्तन में 1/3 कप चीनीकॉर्न स्टार्च और नमक को तब तक छाने कि वे अच्छी तरह मिल जाएँ फिर दूध मिलाएं. 
2. मध्यम आँच पर पकाएँ धीरे-धीरे तब तक मिलाते रहें कि वह् उबलते हुए गाढ़ा कस्टर्ड हो जाये. 1 मिनट और उबालें.
3. एक छोटे बर्तन में अंडे की जर्दी फेंटेंफिर इसे 1/2 कप गर्म कस्टर्ड में अच्छी तरह मिलाएं.  इस पीले भाग के मिश्रण को कस्टर्ड के बर्तन में पलट देंमाध्यम आँच पर हिलाते हुए 2 मिनट तक पकाएँ.
4. वैनीला वेफर को एक उथले बर्तन में फैलाएँऊपर केले के टुकड़े डालें और साथ में कस्टर्ड भी डाल देइस तरह तह लगाती जाएँ.
5. बड़े बर्तन में अंडों की सफेदी और 1/4 कप चीनी फेंटें उसमें टार्टर क्रीम मिला कर फिर अच्छी तरह पकाएं ताकि ऊपर से भूरा हो जाये
6. पुडिंग को ओवन से निकाल एक घंटे तक ठंडा करेंफिर 4 घंटे तक फ्रिज में रखेंठंडा होने पर परोसें
                        :: :: :: :: 
विपिन चौधरी के दो कविता-संग्रह प्रकाशित हो चुके हैं. उनसे vipin.choudhary7@gmail.com पर संपर्क किया जा सकता है. 
Related Posts Plugin for WordPress, Blogger...